दो दिन से बंद था कमरा… दरवाजा टूटा तो अंदर का नजारा देख दंग रह गई पुलिस! पत्नी की मौत, पति बेहोश
चंदौली: उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के अलीनगर थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। कटरिया गांव में किराए के कमरे में रहने वाला एक दंपती दो दिनों तक कमरे से बाहर नहीं निकला। जब पड़ोसियों को अनहोनी की आशंका हुई और पुलिस को सूचना दी गई, तो मौके पर पहुंची टीम ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया। कमरे के भीतर पत्नी मृत अवस्था में मिली, जबकि उसका पति बेहोशी की हालत में पड़ा था।
पुलिस ने तत्काल पति को अस्पताल पहुंचाया और महिला के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शुरुआती जांच में कमरे में अंगीठी जलाकर सोने की बात सामने आई है। ऐसे में दम घुटने या जहरीली गैस के कारण हादसा होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी।
दो दिन से नहीं खुला था कमरे का दरवाजा
घटना अलीनगर क्षेत्र के कटरिया गांव की बताई जा रही है। यहां दंपती ने हाल ही में किराए पर कमरा लिया था। दोनों स्थानीय स्तर पर पूड़ी-सब्जी का ठेला लगाकर अपना जीवनयापन करते थे।
बताया जा रहा है कि 13 अगस्त की देर शाम दोनों काम खत्म करने के बाद अपने कमरे में लौटे थे। इसके बाद उन्होंने कमरे के अंदर अंगीठी जलाई और सो गए।
अगले दिन कमरे का दरवाजा नहीं खुला। आसपास रहने वाले लोगों ने पहले इसे सामान्य समझा, लेकिन जब काफी समय बीत जाने के बाद भी कमरे से कोई हलचल नहीं हुई तो पड़ोसियों को चिंता होने लगी।
इसके बाद लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने दरवाजा तोड़ा तो सामने आया खौफनाक मंजर
सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने अंदर से प्रतिक्रिया लेने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया।
अंदर का दृश्य देखकर पुलिसकर्मी भी हैरान रह गए। महिला बिस्तर पर मृत पड़ी थी, जबकि उसका पति पास ही बेहोशी की हालत में मिला।
पुलिस ने दोनों की स्थिति की जांच की तो पता चला कि महिला की मौत हो चुकी थी, जबकि पति की सांस चल रही थी।
समय बर्बाद किए बिना पुलिस ने पति को उपचार के लिए अस्पताल भेजा।
महिला की मौत, पति की हालत गंभीर
मृतका की पहचान रानी के रूप में हुई है। उसके पति की पहचान आकाश के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक, दोनों ने करीब एक सप्ताह पहले ही कटरिया गांव में किराए का कमरा लिया था। दोनों पूड़ी-सब्जी का ठेला लगाकर अपना गुजारा करते थे।
कम समय पहले ही यहां रहने आए इस दंपती के साथ ऐसा हादसा हो जाएगा, इसका अंदाजा आसपास के लोगों को भी नहीं था।
पूड़ी-सब्जी का ठेला लगाकर करते थे गुजारा
पुलिस की शुरुआती जानकारी के मुताबिक, आकाश और रानी मेहनत-मजदूरी कर अपना जीवन चला रहे थे। दोनों स्थानीय इलाके में पूड़ी-सब्जी का ठेला लगाते थे।
स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों सामान्य तरीके से जीवन बिता रहे थे। किसी को भी उनके कमरे के अंदर ऐसी घटना होने की जानकारी नहीं थी।
13 अगस्त की शाम दोनों काम खत्म करके कमरे में लौटे। इसके बाद वे कमरे से बाहर नहीं निकले।
जब लगातार दो दिन तक दरवाजा नहीं खुला तो पड़ोसियों को किसी अनहोनी की आशंका हुई।
अंगीठी बनी हादसे की बड़ी कड़ी
घटना की शुरुआती जांच में कमरे के अंदर अंगीठी जलाने की बात सामने आई है।
बंद कमरे में अंगीठी जलाकर सोना बेहद खतरनाक हो सकता है। जलने की प्रक्रिया के दौरान कार्बन मोनोऑक्साइड जैसी जहरीली गैस निकल सकती है। अगर कमरे में पर्याप्त वेंटिलेशन नहीं हो तो ऐसी गैस जमा होकर व्यक्ति को बेहोश कर सकती है और जान भी जा सकती है।
इसी वजह से पुलिस इस संभावना की जांच कर रही है कि क्या अंगीठी से निकली गैस या दम घुटने के कारण महिला की मौत हुई और उसका पति बेहोश हो गया।
हालांकि, फिलहाल इसे मौत का अंतिम कारण नहीं माना गया है।
पति को अस्पताल में कराया गया भर्ती
पुलिस ने आकाश को कमरे से निकालकर नियामताबाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया।
वहां डॉक्टरों ने उसकी हालत को देखते हुए प्राथमिक उपचार किया। इसके बाद उसे जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया।
पति की हालत में अभी सुधार कितना हुआ है, यह डॉक्टरों की निगरानी के बाद स्पष्ट होगा।
पुलिस को उम्मीद है कि अगर आकाश की हालत ठीक होती है तो उससे पूछताछ के जरिए घटना से पहले की परिस्थितियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।
आखिर कमरे के अंदर क्या हुआ?
इस घटना का सबसे बड़ा सवाल यही है कि 13 अगस्त की रात कमरे के अंदर आखिर हुआ क्या था?
क्या दोनों ने अंगीठी जलाकर सोने की गलती की थी?
क्या बंद कमरे में धुआं या जहरीली गैस जमा हो गई?
क्या पहले महिला बेहोश हुई और बाद में उसकी मौत हो गई?
या फिर घटना के पीछे कोई और वजह थी?
इन सभी सवालों के जवाब फिलहाल जांच के बाद ही सामने आएंगे।
फॉरेंसिक टीम जुटा रही साक्ष्य
पुलिस ने घटना की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम की मदद ली है।
टीम ने कमरे की जांच कर जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। कमरे में मौजूद सामान, अंगीठी और अन्य परिस्थितियों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना से पहले कमरे में क्या स्थिति थी और दोनों ने आखिरी बार क्या गतिविधियां की थीं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट इस मामले में सबसे महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। इससे पता चलेगा कि महिला की मौत किस वजह से हुई।
अगर रिपोर्ट में दम घुटने या जहरीली गैस के कारण मौत की पुष्टि होती है तो पुलिस उसी दिशा में जांच आगे बढ़ाएगी।
वहीं, अगर पोस्टमार्टम में कोई दूसरी वजह सामने आती है तो जांच का रुख भी बदल सकता है।
इसीलिए पुलिस अभी किसी एक संभावना को अंतिम नहीं मान रही है।
बंद कमरे में अंगीठी जलाना खतरनाक
यह घटना लोगों के लिए एक गंभीर चेतावनी भी है।
बंद कमरे में अंगीठी या कोयला जलाकर सोना बेहद जोखिम भरा हो सकता है। खासकर ऐसे कमरे में जहां हवा के आने-जाने की पर्याप्त व्यवस्था न हो।
कार्बन मोनोऑक्साइड जैसी गैस दिखाई नहीं देती और इसकी कोई खास गंध भी नहीं होती। यही वजह है कि व्यक्ति को खतरे का पता चलने से पहले ही उसकी हालत बिगड़ सकती है।
ऐसे में कमरे को पर्याप्त हवादार रखना और बंद कमरे में अंगीठी जलाकर न सोना बेहद जरूरी है।
पड़ोसियों की सतर्कता से बची एक जिंदगी
इस घटना में पड़ोसियों की सतर्कता भी महत्वपूर्ण रही।
अगर दो दिन तक कमरे से कोई आवाज नहीं आने के बावजूद लोग इसे नजरअंदाज कर देते तो शायद आकाश को अस्पताल पहुंचाने में और देरी हो सकती थी।
पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी और पुलिस ने समय रहते दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया।
महिला की जान नहीं बचाई जा सकी, लेकिन पति को जीवित अवस्था में अस्पताल पहुंचा दिया गया।
पूरे गांव में घटना से मचा हड़कंप
घटना की जानकारी फैलते ही कटरिया गांव में लोगों की भीड़ जुट गई।
जिस घर में कुछ दिन पहले ही दंपती किराए पर रहने आया था, वहां पुलिस और फॉरेंसिक टीम की मौजूदगी से लोग हैरान रह गए।
हर कोई यही जानना चाहता था कि आखिर कमरे के अंदर ऐसी कौन सी परिस्थिति बनी, जिसके कारण एक महिला की मौत हो गई और उसका पति बेहोश मिला।
फिलहाल पुलिस जांच पूरी होने का इंतजार कर रही है।
पोस्टमार्टम और जांच के बाद साफ होगी पूरी तस्वीर
पुलिस के मुताबिक, अभी घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मामले में किसी तरह की आपराधिक साजिश है या यह बंद कमरे में अंगीठी से पैदा हुई जहरीली गैस के कारण हुआ हादसा, इसका जवाब जांच पूरी होने के बाद ही मिलेगा।
फिलहाल चंदौली की यह घटना कई सवाल छोड़ गई है।
एक कमरा दो दिन तक बंद रहा, अंदर एक महिला की मौत हो चुकी थी और उसका पति बेहोश पड़ा था। अंगीठी की मौजूदगी ने जांच को एक दिशा जरूर दी है, लेकिन असली राज पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही खुलेगा।

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