70 वर्षीय पाकिस्तानी मौलाना ने 26 साल की महिला से किया निकाह, वायरल वीडियो और फोटोशूट पर छिड़ी बहस
नई दिल्ली: पड़ोसी देश पाकिस्तान से एक ऐसा विवाह चर्चा का विषय बना हुआ है, जिसने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है। मीडिया रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो के अनुसार, रावलपिंडी के निवासी बताए जा रहे हकीम बाबर नामक एक बुजुर्ग धार्मिक व्यक्ति ने अपने से काफी कम उम्र की महिला से निकाह किया है। रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि उनकी उम्र लगभग 70 वर्ष, जबकि उनकी पत्नी की उम्र 26 वर्ष बताई जा रही है। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
निकाह के बाद दंपति ने एक प्रोफेशनल ब्राइडल फोटोशूट भी कराया, जिसकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर तेजी से साझा किए जा रहे हैं। उम्र के बड़े अंतर के कारण यह विवाह लोगों के बीच चर्चा और बहस का विषय बन गया है। जहां कुछ लोग इस रिश्ते का समर्थन करते हुए इसे दोनों वयस्कों का व्यक्तिगत निर्णय बता रहे हैं, वहीं कुछ सोशल मीडिया उपयोगकर्ता इस विवाह को लेकर सवाल भी उठा रहे हैं।
वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ी चर्चा
वायरल वीडियो में कथित तौर पर हकीम बाबर अपनी शादी के बारे में खुलकर बात करते दिखाई देते हैं। वीडियो में वे दावा करते हैं कि उनका विवाह प्रेम और परिवार की सहमति—दोनों का मिश्रण है।
उनके अनुसार, पहले दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे और बाद में उन्होंने निकाह कर अपने रिश्ते को औपचारिक रूप दिया। वायरल क्लिप्स में वे यह भी कहते नजर आते हैं कि उम्र किसी रिश्ते का सबसे महत्वपूर्ण आधार नहीं होती और यदि दो वयस्क अपनी इच्छा से विवाह करते हैं, तो समाज को उसका सम्मान करना चाहिए।
हालांकि, इन वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
'उम्र सिर्फ एक संख्या है'
सोशल मीडिया पर प्रसारित एक अन्य वीडियो में हकीम बाबर कथित रूप से कहते हैं कि इंसान को दिल से जवान रहना चाहिए और विवाह का निर्णय आपसी सहमति से होना चाहिए।
वीडियो में वे यह भी कहते हैं कि उनकी पत्नी पहले से तलाकशुदा थीं और उन्होंने धार्मिक मान्यताओं के अनुसार निकाह किया है। उनका कहना है कि यदि विवाह वैधानिक और आपसी सहमति से हुआ है, तो इसे लेकर नकारात्मक टिप्पणियां करना उचित नहीं है।
इन बयानों की भी स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है और इन्हें वायरल वीडियो में किए गए दावों के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
पत्नी ने भी रखा अपना पक्ष
वायरल क्लिप्स में दिखाई देने वाली महिला, जिन्हें हकीम बाबर की पत्नी बताया जा रहा है, कथित तौर पर कहती हैं कि जब दो लोगों के बीच सच्चा स्नेह और विश्वास हो, तब उम्र का अंतर रिश्ते में सबसे महत्वपूर्ण तत्व नहीं होता।
वीडियो में वे यह भी कहती हैं कि यदि जीवन में कोई ऐसा साथी मिल जाए जिसके साथ भविष्य बिताने का विश्वास हो, तो विवाह का निर्णय लेने में अनावश्यक देरी नहीं करनी चाहिए।
हालांकि, इन बयानों की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
सोशल मीडिया पर बंटी राय
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाएं भी दो हिस्सों में बंटी दिखाई दे रही हैं।
कुछ उपयोगकर्ताओं का कहना है कि यदि दोनों व्यक्ति वयस्क हैं और अपनी स्वतंत्र इच्छा से विवाह कर रहे हैं, तो यह उनका निजी निर्णय है और समाज को इसका सम्मान करना चाहिए।
दूसरी ओर, कुछ लोग दोनों की उम्र में बड़े अंतर को लेकर सवाल उठा रहे हैं और इस विवाह पर अपनी असहमति व्यक्त कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर इस विषय पर हजारों टिप्पणियां और प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं।
उम्र का अंतर और विवाह
विशेषज्ञों का कहना है कि दुनिया के कई देशों में ऐसे विवाह देखने को मिलते हैं जिनमें पति-पत्नी की उम्र में काफी अंतर होता है।
कानूनी दृष्टि से यदि दोनों व्यक्ति बालिग हैं, विवाह उनकी स्वतंत्र सहमति से हुआ है और संबंधित देश के कानूनों का पालन किया गया है, तो ऐसे विवाह वैध हो सकते हैं।
हालांकि, समाज में ऐसे रिश्तों को लेकर अलग-अलग सांस्कृतिक और सामाजिक दृष्टिकोण मौजूद हैं।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं?
मनोवैज्ञानिकों का कहना है कि किसी भी वैवाहिक संबंध की सफलता केवल उम्र पर निर्भर नहीं करती।
रिश्ते में महत्वपूर्ण तत्व हैं—
आपसी सम्मान
विश्वास
भावनात्मक समझ
संवाद
समान सहमति
जिम्मेदारियों का निर्वहन
यदि ये सभी पहलू मजबूत हों, तो उम्र का अंतर कुछ मामलों में निर्णायक कारक नहीं होता।
हालांकि, विशेषज्ञ यह भी बताते हैं कि बड़े आयु अंतर वाले विवाहों में जीवनशैली, स्वास्थ्य, भविष्य की योजनाओं और सामाजिक अपेक्षाओं से जुड़ी चुनौतियां भी सामने आ सकती हैं, जिनका समाधान आपसी समझ से करना आवश्यक होता है।
वायरल सामग्री पर रखें सावधानी
डिजिटल मीडिया विशेषज्ञों का कहना है कि सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली हर जानकारी पूरी तरह सत्यापित नहीं होती।
कई बार वीडियो पुराने होते हैं, संदर्भ बदल दिया जाता है या उनके साथ अपुष्ट दावे जोड़ दिए जाते हैं। इसलिए किसी भी वायरल वीडियो या पोस्ट को अंतिम सत्य मानने से पहले विश्वसनीय स्रोतों से पुष्टि करना आवश्यक है।
निजी जीवन और सार्वजनिक चर्चा
सोशल मीडिया के दौर में सार्वजनिक व्यक्तियों या वायरल होने वाले मामलों पर लोगों की प्रतिक्रियाएं तेजी से सामने आती हैं। लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि यदि कोई विवाह कानूनी रूप से वैध है और दोनों वयस्कों की सहमति से हुआ है, तो व्यक्तिगत जीवन से जुड़े मामलों पर चर्चा करते समय मर्यादा और सम्मान बनाए रखना भी जरूरी है।
70-year-old Pakistani Maulana Hakim sahib’s bridal photoshoot… 🤣🤣😂 pic.twitter.com/fU8xrRAAR7
— THE UNKNOWN MAN (@Theunk55) February 25, 2026
रावलपिंडी में बताए जा रहे हकीम बाबर और उनकी कथित पत्नी का विवाह इन दिनों सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा का विषय बना हुआ है। वायरल वीडियो में दोनों ने अपने रिश्ते का समर्थन करते हुए उम्र को महत्वहीन बताया है, जबकि सोशल मीडिया पर इस विवाह को लेकर अलग-अलग राय सामने आ रही हैं। फिलहाल उपलब्ध जानकारी मुख्य रूप से वायरल वीडियो और मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है तथा इसमें किए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। ऐसे मामलों में तथ्यों की पुष्टि और संतुलित दृष्टिकोण अपनाना हमेशा आवश्यक होता है।

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