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बाहर से बंद था कमरा, अंदर 18 साल की युवती… पति के तीन दोस्त आते-जाते रहे, मकान मालिक ने ताला तोड़ा तो खुला खौफनाक राज!



हैदराबाद: तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने लोगों को झकझोर कर रख दिया है। म्यांमार मूल की 18 वर्षीय महिला ने अपने पति और उसके तीन दोस्तों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि उसके पति ने उसे कथित तौर पर किराए के मकान में बंद रखा और घर के बाहर से ताला लगाकर चला जाता था। महिला के अनुसार, उसकी गैरमौजूदगी में पति के तीन दोस्त घर के अंदर आते थे और उसके साथ यौन उत्पीड़न करते थे।

मामले का खुलासा उस समय हुआ जब 23 अक्टूबर की रात मकान मालिक बकाया किराया लेने के लिए घर पहुंचा। दरवाजा बाहर से बंद था और काफी देर तक अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद मकान मालिक ने कथित तौर पर ताला तोड़ दिया। इसी दौरान महिला बाहर निकल सकी और उसने अपने परिवार से संपर्क करने की कोशिश की।

महिला की शिकायत के आधार पर कंचनबाग पुलिस ने मामला दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक तीन आरोपियों को पकड़ लिया गया है, जबकि महिला का पति मोहम्मद फयाज अभी फरार बताया जा रहा है। मामले में दुष्कर्म, गलत तरीके से बंधक बनाने और आपराधिक धमकी से संबंधित भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।

कॉक्स बाजार में हुई थी पति से मुलाकात

पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक, महिला मूल रूप से म्यांमार की रहने वाली है और कुछ समय से बांग्लादेश के कॉक्स बाजार इलाके में रह रही थी। वहीं उसकी मुलाकात मोहम्मद फयाज से हुई।

महिला का आरोप है कि फयाज ने उससे शादी करने का वादा किया था। इसके बाद मई 2026 में वह उसे परिवार की जानकारी के बिना भारत ले आया। हैदराबाद पहुंचने के तीन-चार दिन बाद दोनों की शादी होने की बात शिकायत में कही गई है।

शादी के बाद दोनों हैदराबाद में किराए के मकान में रहने लगे। शुरुआती दिनों के बाद कथित तौर पर स्थिति बदलने लगी और महिला ने पति के व्यवहार को लेकर गंभीर आरोप लगाए।

पुलिस के मुताबिक, महिला ने अपनी शिकायत में बताया कि शादी के लगभग एक महीने बाद फयाज तीन अन्य लोगों को घर में लेकर आया। इनकी पहचान अहमद मुजीब, नूर कमाल और जिया-उर-रहमान उर्फ इब्राहिम के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार तीनों भी म्यांमार मूल के बताए गए हैं और हैदराबाद में रह रहे थे।

बाहर से ताला लगाकर चला जाता था पति

महिला ने पुलिस को बताया कि पति कथित तौर पर घर से निकलते समय दरवाजे पर बाहर से ताला लगा देता था और चाबी अपने साथ ले जाता था। आरोप है कि इसके बाद उसके तीन दोस्त घर में पहुंचते थे।

महिला ने शिकायत में आरोप लगाया कि इन लोगों ने अलग-अलग मौकों पर उसके साथ यौन उत्पीड़न किया। उसने यह भी आरोप लगाया कि दो आरोपियों ने उसे धमकी दी थी कि अगर उसने किसी को इस बारे में बताया तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।

इन कथित धमकियों और इस डर के कारण महिला काफी समय तक किसी से अपनी आपबीती साझा नहीं कर सकी। पुलिस के अनुसार, उसने शिकायत में कहा कि उसे यह समझ नहीं आ रहा था कि वह मदद के लिए किससे संपर्क करे।

पांच महीने तक चलता रहा कथित अत्याचार?

मामले से जुड़ी अलग-अलग रिपोर्टों में कथित उत्पीड़न की अवधि को कई महीनों का बताया गया है। कुछ रिपोर्टों में करीब पांच महीने तक महिला को घर में बंद रखे जाने का आरोप सामने आया है, जबकि पुलिस की ताजा रिपोर्टें घटना को मई में हैदराबाद आने के बाद की अवधि से जोड़ती हैं। मामले की वास्तविक अवधि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

इस दौरान महिला कथित तौर पर घर से बाहर नहीं निकल पा रही थी। उसके पास स्वतंत्र रूप से परिवार या पुलिस से संपर्क करने का भी कोई आसान माध्यम नहीं था।

यही वजह बताई जा रही है कि इतने गंभीर आरोपों के बावजूद मामला काफी समय तक सामने नहीं आ सका।

बकाया किराया बना सबसे बड़ा सुराग

23 अक्टूबर की रात इस पूरे मामले का राज अचानक खुल गया।

मकान मालिक घर का बकाया किराया लेने के लिए वहां पहुंचा। उसने देखा कि मकान बाहर से बंद था। काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला। स्थिति संदिग्ध लगने पर मकान मालिक ने दरवाजा तोड़ दिया।

दरवाजा खुलने के बाद महिला बाहर निकल सकी। इसके बाद उसने किसी दूसरे व्यक्ति के मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर अपने परिवार से संपर्क किया।

महिला ने अपने परिवार को पूरी जानकारी दी। परिवार की ओर से हैदराबाद में मौजूद रिश्तेदारों से संपर्क किया गया, जिसके बाद उसे रिश्तेदार के पास ले जाया गया।

रिश्तेदार लेकर पहुंचा पुलिस के पास

महिला के रिश्तेदार मोहम्मद रशीद ने 26 अक्टूबर को उसे कंचनबाग पुलिस स्टेशन पहुंचाया। वहां महिला ने पुलिस को अपनी पूरी आपबीती बताई और पति समेत चार लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस ने महिला का बयान दर्ज किया। रिपोर्टों के अनुसार, भाषा की समस्या को देखते हुए बयान दर्ज करने में अनुवादकों की मदद भी ली गई और बाद में महिला को मेडिकल जांच के लिए भेजा गया।

इसके बाद पुलिस ने शिकायत के आधार पर FIR दर्ज कर जांच शुरू की।

तीन आरोपी पकड़े गए, पति फरार

पुलिस के मुताबिक, मामले में नामजद तीन आरोपियों—नूर कमाल, अहमद मुजीब और जिया-उर-रहमान उर्फ इब्राहिम—को पकड़ लिया गया है। उन्हें न्यायिक प्रक्रिया के तहत मजिस्ट्रेट के सामने पेश किए जाने की बात कही गई है।

वहीं महिला का पति मोहम्मद फयाज अभी पुलिस की पकड़ से बाहर है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है और मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(2)(m), 127(4) और 351 के तहत कार्रवाई की है। ये धाराएं क्रमशः यौन अपराध, गलत तरीके से बंधक बनाए जाने और आपराधिक धमकी से संबंधित हैं।

पुलिस अब किन पहलुओं की जांच कर रही है?

मामले में पुलिस के सामने कई महत्वपूर्ण सवाल हैं। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि महिला को वास्तव में कितने समय तक घर में कथित तौर पर बंद रखा गया, उसके साथ कितनी बार अपराध हुआ और इसमें प्रत्येक आरोपी की कथित भूमिका क्या थी।

इसके अलावा पुलिस यह भी जांच कर रही है कि महिला को भारत कैसे लाया गया और शादी से पहले तथा बाद में आरोपियों के बीच किस तरह का संपर्क था।

मामले से जुड़े कुछ मीडिया रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया है कि महिला के पति ने अपनी वैवाहिक स्थिति को लेकर उससे जानकारी छिपाई थी। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि जांच के दौरान ही हो सकेगी।

महिला की शिकायत से सामने आया गंभीर मामला

यह मामला केवल एक कथित यौन अपराध तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें जबरन घर में बंद रखने, धमकी देने और पीड़िता को बाहरी दुनिया से अलग रखने जैसे गंभीर आरोप भी शामिल हैं।

मामले में पुलिस की कार्रवाई जारी है। तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अब जांच का मुख्य फोकस फरार पति तक पहुंचने और शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि करने पर है।

फिलहाल पुलिस ने महिला की शिकायत के आधार पर केस दर्ज किया है और आरोपों की जांच की जा रही है। अदालत में आरोप साबित होने तक सभी आरोपियों को कानून की नजर में निर्दोष माना जाता है।

मकान मालिक की वजह से खुला राज

हैदराबाद का यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि अगर 23 अक्टूबर को मकान मालिक बकाया किराया लेने के लिए वहां नहीं पहुंचता और बाहर लगा ताला नहीं तोड़ा जाता, तो शायद महिला की स्थिति लंबे समय तक सामने नहीं आती।

एक बंद कमरे से बाहर आने के बाद महिला ने दूसरे व्यक्ति के मोबाइल से परिवार को फोन किया और फिर रिश्तेदार की मदद से पुलिस तक पहुंची। अब पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और फरार पति की तलाश जारी है।

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