दुल्हन की गर्दन पर दिखा वो 3 रेखाओं वाला निशान, मेकअप आर्टिस्ट के उड़ गए होश… 5 साल बाद खुला ऐसा राज जिसने शादी में मचा दी सनसनी!
शादी का माहौल था। घर रोशनी से जगमगा रहा था। बाहर मेहमानों की भीड़ थी, संगीत बज रहा था और हर तरफ खुशियां दिखाई दे रही थीं। लेकिन उसी आलीशान शादी के एक कमरे में बैठी दुल्हन के चेहरे पर खुशी के बजाय डर साफ नजर आ रहा था। वह बार-बार आईने में खुद को देखती और फिर कमरे के दरवाजे की तरफ देखने लगती।
दुल्हन का मेकअप कर रही नैना को शुरुआत में लगा कि शायद शादी की घबराहट की वजह से ऐसा हो रहा है। आखिर शादी का दिन किसी भी लड़की के लिए बेहद भावुक और तनाव भरा होता है। लेकिन कुछ ही देर में नैना को महसूस हुआ कि मामला सामान्य नहीं है।
दुल्हन बार-बार एक ही सवाल पूछ रही थी, "बाहर कोई मेरा नाम तो नहीं ले रहा?"
नैना ने उसे शांत करने की कोशिश की, लेकिन उसके मन में यह सवाल जरूर उठ गया कि आखिर एक होने वाली दुल्हन अपने ही घर में किसी के उसका नाम पुकारने से इतनी डरी हुई क्यों है?
आठ साल से दुल्हनों का मेकअप कर रही थी नैना
नैना शहर में एक जानी-मानी मेकअप आर्टिस्ट थी। पिछले करीब आठ वर्षों में वह सैकड़ों दुल्हनों का मेकअप कर चुकी थी। उसने शादी के दिन लड़कियों की घबराहट, खुशी, आंसू और उत्साह सब देखा था।
लेकिन रिद्धिमा जैसी दुल्हन उसने पहले कभी नहीं देखी थी।
रिद्धिमा एक बेहद संपन्न परिवार से थी। शादी में शहर के कई बड़े लोग शामिल होने वाले थे। महंगा सजावट का इंतजाम था और घर में मेहमानों की आवाजाही लगातार जारी थी।
मेकअप के दौरान नैना ने गौर किया कि रिद्धिमा के हाथ हल्के-हल्के कांप रहे थे। वह बार-बार दरवाजे की तरफ देख रही थी।
नैना ने पूछा, "सब ठीक है?"
रिद्धिमा ने मुस्कुराने की कोशिश की और कहा, "हां, बस थोड़ी घबराहट है।"
नैना ने भी बात को वहीं छोड़ दिया।
लेकिन तभी उसकी नजर दुल्हन की गर्दन के पीछे पड़ी।
गर्दन पर दिखा अजीब निशान
रिद्धिमा के बालों को सेट करते समय नैना ने उसकी गर्दन के पीछे एक छोटा-सा निशान देखा। वह निशान सामान्य चोट के निशान जैसा नहीं लग रहा था। उसमें तीन टेढ़ी रेखाएं बनी हुई थीं।
नैना ने जैसे ही बाल हटाकर उस निशान को देखने की कोशिश की, रिद्धिमा ने अचानक उसका हाथ पकड़ लिया।
उसकी पकड़ इतनी मजबूत थी कि नैना एक पल के लिए घबरा गई।
रिद्धिमा ने धीमी आवाज में कहा, "इसे किसी को मत दिखाना।"
नैना ने उसकी तरफ देखा। उसके चेहरे का रंग बदल चुका था।
निशान को देखते ही नैना के दिमाग में करीब पांच साल पुरानी एक घटना कौंध गई।
वह घटना उसकी जिंदगी से जुड़ी थी।
पांच साल पहले अचानक गायब हुई थी पायल
करीब पांच साल पहले नैना की करीबी सहेली पायल अचानक गायब हो गई थी। पायल के परिवार ने उसे हर जगह तलाश किया था। पुलिस में शिकायत भी की गई थी।
कुछ दिनों तक उसकी तलाश चली, लेकिन धीरे-धीरे मामला ठंडा पड़ गया।
पायल के गायब होने से कुछ दिन पहले नैना ने उसकी गर्दन के पीछे बिल्कुल इसी तरह का निशान देखा था।
उस समय नैना ने उस निशान को सामान्य चोट समझा था।
लेकिन अब रिद्धिमा की गर्दन पर वैसी ही तीन टेढ़ी रेखाएं देखकर उसके मन में एक सवाल पैदा हुआ।
क्या यह महज संयोग था?
नैना ने खुद को समझाया कि दोनों बातें अलग हो सकती हैं। रिद्धिमा का चेहरा पायल से बिल्कुल अलग था। उसकी जिंदगी, परिवार और पहचान भी अलग थी।
फिर भी वह निशान उसके दिमाग से नहीं निकल रहा था।
पायल का नाम सुनते ही बदल गया दुल्हन का चेहरा
मेकअप पूरा होने के बाद नैना ने मौका देखकर रिद्धिमा से अकेले में बात की।
उसने पूछा, "तुम्हारी गर्दन पर यह निशान कैसे आया?"
रिद्धिमा ने कुछ सेकंड तक चुप रहने के बाद कहा कि बचपन में एक दुर्घटना के कारण उसकी गर्दन पर यह निशान पड़ा था।
नैना ने उसकी बात सुन ली, लेकिन उसके मन का शक खत्म नहीं हुआ।
फिर उसने धीरे से पूछा, "क्या तुम पायल नाम की किसी लड़की को जानती हो?"
इतना सुनते ही रिद्धिमा का चेहरा सफेद पड़ गया।
उसने तुरंत जवाब दिया, "मुझे नहीं पता वह कौन है।"
लेकिन नैना को इस जवाब में ही सबसे बड़ा राज छिपा हुआ महसूस हुआ।
क्योंकि सवाल सुनते ही रिद्धिमा ने जवाब देने में एक पल भी नहीं लगाया था।
शादी में नजर आया एक और रहस्यमय चेहरा
शादी की रस्में शुरू हो गईं। मेहमान आते-जाते रहे और कैमरे लगातार तस्वीरें खींचते रहे।
लेकिन नैना की नजर अब दुल्हन पर ही थी।
उसे दूल्हे के बड़े भाई का व्यवहार भी अजीब लगा। वह बार-बार रिद्धिमा को भीड़ से अलग ले जाने की कोशिश कर रहा था।
एक बार नैना की नजर उससे मिली।
उस व्यक्ति ने नैना को कुछ सेकंड तक घूरकर देखा।
उसकी आंखों में ऐसा भाव था जैसे वह नैना को पहचानने की कोशिश कर रहा हो।
नैना के मन में डर पैदा होने लगा।
उसे लगा कि शायद उसके पायल के बारे में पूछने की बात किसी तरह सामने आ गई है।
दुल्हन ने थमा दिया एक कागज
शादी की रस्में लगभग पूरी हो चुकी थीं।
इसी दौरान रिद्धिमा ने मौका देखकर नैना का हाथ पकड़ा और उसमें एक छोटा-सा मुड़ा हुआ कागज रख दिया।
नैना ने किसी तरह उस कागज को छिपा लिया।
कुछ देर बाद उसने उसे खोलकर देखा।
उसमें सिर्फ एक लाइन लिखी थी—
"अगर सच जानना है, तो कल पुराने बस अड्डे के पीछे बने रिकॉर्ड कार्यालय में आना।"
नीचे कोई नाम नहीं था।
नैना पूरी रात सो नहीं सकी।
उसके सामने बार-बार पायल का चेहरा और रिद्धिमा की गर्दन का निशान घूमता रहा।
अगले दिन सामने आया सबसे बड़ा राज
अगले दिन नैना बताए गए स्थान पर पहुंची।
वहां रिद्धिमा पहले से मौजूद थी।
लेकिन इस बार उसके चेहरे पर दुल्हन वाली मुस्कान नहीं थी।
उसने नैना की तरफ देखा और कहा—
"मेरा असली नाम रिद्धिमा नहीं है। मैं पायल हूं।"
नैना कुछ पल तक कुछ बोल ही नहीं पाई।
पांच साल से जिस लड़की को वह लापता समझ रही थी, वह उसके सामने खड़ी थी।
पायल ने बताया कि पांच साल पहले उसने एक गंभीर अपराध अपनी आंखों से देखा था। उसके मुताबिक इस घटना में दूल्हे का बड़ा भाई और उसका एक साथी कथित रूप से शामिल थे।
पायल ने घटना की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने की कोशिश की थी, लेकिन इसके बाद उसे धमकियां मिलने लगीं।
उस पर दबाव बनाया गया और उसकी पहचान खत्म करने की कोशिश की गई।
बाद में सड़क दुर्घटना में उसकी मौत की झूठी खबर फैला दी गई। इसके बाद उसे दूसरे शहर में एक नई पहचान के साथ रहने के लिए मजबूर होना पड़ा।
लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई।
उसी परिवार में क्यों हुई शादी?
पायल के अनुसार, जिस परिवार से वह बचने की कोशिश कर रही थी, उसी परिवार में उसकी शादी तय कर दी गई थी।
उसका दावा था कि परिवार से जुड़े पुराने अपराध के कुछ सबूत अभी भी मौजूद थे और उसे डर था कि अगर उसने सच्चाई सामने लाई तो उसकी जान को खतरा हो सकता है।
अब सवाल था कि उसने शादी के लिए हामी क्यों भरी?
पायल ने बताया कि वह इस बार भागना नहीं चाहती थी।
वह चाहती थी कि सच सामने आए।
और इसके लिए उसे किसी ऐसे व्यक्ति की जरूरत थी जिस पर वह भरोसा कर सके।
वह व्यक्ति नैना थी।
नैना ने पुलिस से किया संपर्क
नैना ने पायल की पूरी बात सुनने के बाद पुलिस से संपर्क करने का फैसला किया।
पायल के पास कथित तौर पर एक पुरानी रिकॉर्डिंग थी। इसके अलावा शादी समारोह की कुछ तस्वीरें और अन्य सामग्री भी जांच के लिए उपलब्ध कराई गई।
इसके बाद पुराने मामले की जांच दोबारा शुरू हुई।
जांच आगे बढ़ने पर दूल्हे के बड़े भाई की भूमिका भी जांच के दायरे में आई। कहानी के अनुसार, वह कथित रूप से भागने की कोशिश कर रहा था, लेकिन उसे पकड़ लिया गया।
पूछताछ के दौरान पांच साल पुराने अपराध से जुड़े कई सवाल सामने आए।
पांच साल पुराना राज आखिर खुल गया
जांच में कथित तौर पर यह सामने आया कि पांच साल पहले हुई एक हत्या को दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी। घटना से जुड़े सबूत मिटाने का भी आरोप सामने आया।
पायल इस मामले की कथित प्रत्यक्षदर्शी थी और इसी वजह से उसे गायब होने पर मजबूर किया गया था।
इस बार हालांकि कहानी अलग थी।
पायल अकेली नहीं थी।
उसके पास सबूत थे और नैना उसके साथ खड़ी थी।
मामला आगे बढ़ा और कुछ महीनों बाद अदालत तक पहुंचा। नैना ने गवाही दी और पायल ने अपनी असली पहचान के साथ अदालत के सामने अपना बयान दर्ज कराया।
एक निशान ने जोड़ दी पांच साल पुरानी कड़ी
इस पूरी कहानी का सबसे बड़ा रहस्य वही छोटा-सा निशान था, जिसे रिद्धिमा यानी पायल शादी वाले दिन दुनिया से छिपाना चाहती थी।
अगर नैना ने उस निशान को नहीं देखा होता, तो शायद वह कभी यह नहीं सोच पाती कि सामने बैठी दुल्हन उसकी पांच साल से लापता सहेली हो सकती है।
एक मेकअप आर्टिस्ट के लिए वह निशान महज त्वचा पर बना एक छोटा-सा दाग हो सकता था।
लेकिन नैना के लिए वह अतीत की एक ऐसी पहचान बन गया, जिसने पांच साल पुराने रहस्य का दरवाजा खोल दिया।
कभी-कभी किसी अपराध की सबसे अहम कड़ी किसी बंद कमरे में रखे दस्तावेज में नहीं, बल्कि किसी इंसान की पहचान छिपाने वाले छोटे-से निशान में छिपी होती है।
और इस कहानी में वही तीन टेढ़ी रेखाएं उस राज तक पहुंचने का रास्ता बन गईं, जिसे पांच साल तक दुनिया से छिपाकर रखा गया था।

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