सुहागरात पर दुल्हन के साथ सोया था दूल्हा, आधी रात आया 'मौत का मेहमान'... सुबह खुला ऐसा राज कि मच गया हड़कंप
बदायूं (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां शादी के बाद जिस रात नवदंपती अपने नए जीवन की शुरुआत करने वाले थे, वही रात दूल्हे के जीवन की आखिरी रात साबित हो गई। नई नवेली दुल्हन के साथ सुहागरात मना रहे दूल्हे बबलू मौर्य की जहरीले सांप के डसने से मौत हो गई। इस घटना ने पूरे परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है।
शादी के घर में जहां कुछ ही घंटे पहले तक ढोल-नगाड़ों की गूंज, हंसी-खुशी और जश्न का माहौल था, वहीं सुबह होते-होते मातम पसर गया। दुल्हन की मेहंदी भी ठीक से नहीं सूखी थी कि उसकी मांग का सिंदूर उजड़ गया। इस हृदयविदारक घटना की चर्चा पूरे इलाके में हो रही है।
परंपरा के अनुसार फर्श पर लगाया गया था बिस्तर
जानकारी के अनुसार, शादी की सभी रस्में संपन्न होने के बाद परिवार ने स्थानीय परंपरा के अनुसार नवविवाहित दंपती के लिए कमरे में जमीन पर बिस्तर लगाया था। बबलू मौर्य और उनकी पत्नी रश्मि उसी बिस्तर पर सो गए। परिवार के अन्य सदस्य भी अपने-अपने कमरों में विश्राम करने चले गए।
रात के दौरान किसी समय एक जहरीला सांप कमरे में घुस आया और सो रहे बबलू मौर्य की गर्दन पर डस लिया। शुरुआत में किसी को इस घटना की भनक तक नहीं लगी। बबलू को भी संभवतः पहले यह समझ नहीं आया कि उन्हें किसी जहरीले जीव ने काट लिया है।
सुबह बिगड़ी तबीयत, अस्पताल ले जाने पर हुआ खुलासा
सुबह जब बबलू की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी तो परिवार के लोग घबरा गए। उनकी हालत तेजी से खराब होने लगी। परिजन तत्काल उन्हें सहसवान स्थित एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे।
अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि बबलू को जहरीले सांप ने डसा है। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
डॉक्टरों की तमाम कोशिशें रहीं नाकाम
राजकीय मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों की टीम ने बबलू की जान बचाने के लिए हरसंभव प्रयास किए। उन्हें एंटी-स्नेक वेनम सहित आवश्यक उपचार दिया गया, लेकिन जहर शरीर में काफी फैल चुका था। काफी देर तक चले इलाज के बावजूद उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ और आखिरकार डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
यह खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। दुल्हन रश्मि बेसुध हो गई, जबकि परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
अंतिम उम्मीद में सपेरों और तांत्रिकों के पास पहुंचे परिजन
बबलू की मौत के बाद भी परिवार को उम्मीद थी कि शायद कोई चमत्कार हो जाए। इसी उम्मीद में परिजन शव को लेकर सपेरों और झाड़-फूंक करने वाले तांत्रिकों के पास भी पहुंचे।
कई घंटों तक विभिन्न प्रकार के पारंपरिक उपाय और झाड़-फूंक की जाती रही, लेकिन कोई सकारात्मक परिणाम नहीं मिला। अंततः परिवार को यह स्वीकार करना पड़ा कि बबलू अब इस दुनिया में नहीं रहे।
बिना पोस्टमार्टम के किया अंतिम संस्कार
परिजनों ने मृतक का पोस्टमार्टम नहीं कराया। परिवार की सहमति से अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की गई। गांव और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अंतिम यात्रा में शामिल हुए और परिवार को सांत्वना दी।
शादी की खुशियां पलभर में मातम में बदलीं
परिवार के लोगों ने बताया कि घर में शादी को लेकर लंबे समय से तैयारियां चल रही थीं। रिश्तेदार दूर-दूर से शादी में शामिल होने आए थे। किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था कि शादी की पहली ही रात इतनी बड़ी त्रासदी सामने आ जाएगी।
दुल्हन रश्मि के लिए यह घटना किसी असहनीय सदमे से कम नहीं है। जिस घर में वह नई उम्मीदों और सपनों के साथ आई थी, वहीं कुछ ही घंटों बाद उसके पति की अर्थी उठ गई। पूरे गांव में इस घटना के बाद शोक का माहौल है।
ग्रामीणों में दहशत का माहौल
घटना के बाद गांव के लोगों में भी डर का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में अक्सर सांप अपने बिलों से बाहर निकल आते हैं और घरों में घुस जाते हैं। ऐसे में लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
विशेषज्ञों का भी मानना है कि मानसून के दौरान सांपों की गतिविधियां बढ़ जाती हैं। इसलिए घर के आसपास साफ-सफाई रखना, दरारों को बंद करना और जमीन पर सोने से पहले आसपास अच्छी तरह जांच करना आवश्यक है।
सर्पदंश की स्थिति में क्या करें?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति को सांप काट ले तो घबराने के बजाय तुरंत निकटतम अस्पताल पहुंचना चाहिए। झाड़-फूंक या घरेलू उपायों के भरोसे समय गंवाना कई बार जानलेवा साबित हो सकता है। समय पर एंटी-स्नेक वेनम उपलब्ध होने पर कई मरीजों की जान बचाई जा सकती है।
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि पीड़ित को शांत रखें, प्रभावित अंग को ज्यादा हिलाने-डुलाने से बचाएं और जल्द से जल्द चिकित्सा सहायता प्राप्त करें। बिना चिकित्सकीय सलाह के किसी भी पारंपरिक उपचार पर निर्भर रहना उचित नहीं माना जाता।
UP के बदायूं मे सुहागरात ही बबलू की आखिरी रात बन गई। नई नवेली दुल्हन रश्मि संग जमीन मे बिस्तर पर सोए बबलू मौर्य को रात मे किसी समय जहरीले सांप ने डस लिया। अस्पताल मे उपचार के दौरान दूल्हे की मौत हो गई।
— TRUE STORY (@TrueStoryUP) July 25, 2026
नीचे फर्श पर लगा था बिस्तर...
रात में परिवार ने परंपरा के अनुसार नवदंपती के… pic.twitter.com/I0XajoLrMA
पूरे इलाके में शोक की लहर
बबलू मौर्य की असामयिक मौत ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। एक ओर नई जिंदगी की शुरुआत की खुशियां थीं, तो दूसरी ओर अचानक आई इस त्रासदी ने पूरे परिवार को गहरे दुख में डुबो दिया। शादी का घर, जो कुछ घंटों पहले तक गीत-संगीत और उत्सव से गूंज रहा था, अब वहां केवल सन्नाटा और अपनों के बिछड़ने का दर्द रह गया है। यह घटना एक बार फिर इस बात की याद दिलाती है कि प्राकृतिक खतरों के प्रति सतर्कता और सर्पदंश की स्थिति में तुरंत वैज्ञानिक एवं चिकित्सकीय उपचार लेना कितना आवश्यक है।

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