हाइलाइट्स
- बॉलीवुड विलेन रंजीत ने अपने करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में रेप सीन किए
- परिवार ने फिल्मों में ऐसे सीन करने पर घर से निकाल दिया था
- माधुरी दीक्षित के साथ शूट के दौरान रंजीत ने एक्ट्रेस की कम्फर्ट का रखा पूरा ध्यान
- 70-80 के दशक में रंजीत की खलनायक के रूप में रही अलग पहचान
- आज भी रंजीत बॉलीवुड के सबसे चर्चित विलेन में गिने जाते हैं
बॉलीवुड विलेन रंजीत: खलनायकी का दूसरा नाम
बॉलीवुड विलेन रंजीत का नाम आते ही दर्शकों के मन में एक ऐसे चेहरे की छवि उभरती है, जो पर्दे पर अपनी खलनायकी से हीरो को टक्कर देता था। 70 और 80 के दशक की फिल्मों में बॉलीवुड विलेन रंजीत का दबदबा इतना था कि उनकी एंट्री से ही कहानी का तनाव बढ़ जाता था। उस दौर में फिल्मों में खलनायक सिर्फ डराने का काम नहीं करते थे, बल्कि कहानी के केंद्र में रहते थे।
सिनेमा में “विलेन कल्चर” का दौर
उस समय बॉलीवुड विलेन रंजीत जैसे कलाकारों की लोकप्रियता किसी हीरो से कम नहीं थी। अमजद खान, प्रेम चोपड़ा, अजित, और रंजीत जैसे नामों ने ‘विलेन’ शब्द को एक नया अर्थ दिया। लेकिन जहां बाकी कलाकारों को उनके संवादों से पहचान मिली, वहीं बॉलीवुड विलेन रंजीत अपने बोल्ड और विवादित रोल्स के लिए जाने गए।
रंजीत ने खुद एक इंटरव्यू में बताया था कि उन्होंने लगभग 300 फिल्मों में रेप सीन किए। यह आंकड़ा जितना चौंकाने वाला है, उतना ही उस दौर के फिल्म निर्माण की सोच को भी दिखाता है।
कौन हैं बॉलीवुड विलेन रंजीत?
12 सितंबर 1942 को पंजाब के जंडियाला गुरु में जन्मे गोपाल बेदी को दुनिया बॉलीवुड विलेन रंजीत के नाम से जानती है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 1970 के दशक में की और देखते ही देखते खलनायक की भूमिका में अपनी पहचान बना ली। ‘शर्मीली’, ‘अमर अकबर एंथनी’, ‘धर्मकांता’, ‘राज तिलक’ और ‘काला पत्थर’ जैसी फिल्मों में उनकी उपस्थिति ने दर्शकों को झकझोर दिया।
शूट से पहले रंजीत का एक अलग तरीका
एक पुराने इंटरव्यू में बॉलीवुड विलेन रंजीत ने बताया था कि फिल्म प्रेम प्रतिज्ञा में जब माधुरी दीक्षित के साथ रेप सीन शूट किया जाना था, तो अभिनेत्री काफी नर्वस थीं। रंजीत ने उन्हें पहले ही बताया था कि वे सीन के दौरान उन्हें संकेत देंगे—कब बाल खींचना है, कब धक्का देना है—ताकि सीन रियल लगे लेकिन असहजता न हो।
माधुरी दीक्षित ने बाद में स्वीकार किया था कि उन्हें पता ही नहीं चला कि रंजीत ने शूट के दौरान उन्हें छुआ भी था या नहीं। यह बात दिखाती है कि बॉलीवुड विलेन रंजीत अपने विवादित सीन भी बेहद प्रोफेशनल ढंग से करते थे।
परिवार की नाराजगी और सामाजिक ताने
हालांकि पर्दे पर मिली पहचान ने रंजीत को शोहरत दी, लेकिन असल जिंदगी में उन्होंने इसकी भारी कीमत चुकाई। उनके पिता ने एक बार राखी के साथ फिल्माए गए रेप सीन को देखकर रंजीत को घर से निकाल दिया था। उन्हें कहा गया था कि अगर फिल्मों में रहना है तो डॉक्टर या इंजीनियर के किरदार निभाओ, न कि खलनायक।
यहां तक कि रंजीत की मां ने भी उनसे मुंह फेर लिया था। उन्होंने कहा था, “अब हम लोगों को क्या मुंह दिखाएंगे?”
रंजीत जब दिल्ली में अपनी बेटी से मिलने जाते थे, तो लोग उन्हें देखकर ताने मारते—“अधेड़ उम्र में भी जवान लड़कियों के साथ घूमता है।” बॉलीवुड विलेन रंजीत के लिए यह दौर बेहद दर्दनाक था।
पर्दे के विलेन, असल ज़िंदगी के सज्जन
जिन्हें पर्दे पर देखकर दर्शक डरते थे, वे असल ज़िंदगी में बेहद शांत और संस्कारी व्यक्ति थे। बॉलीवुड विलेन रंजीत ने हमेशा कहा कि वे अपने काम को सिर्फ अभिनय मानते हैं। एक बार उन्होंने कहा था, “मैंने कभी सीन करते वक्त निजी भावना नहीं रखी। मैं सिर्फ वही करता था जो स्क्रिप्ट मांगती थी।”
फिल्म इंडस्ट्री में रंजीत की जगह
आज भी बॉलीवुड विलेन रंजीत का नाम फिल्मी इतिहास के उन कलाकारों में लिया जाता है जिन्होंने नकारात्मक किरदारों को जीवंत बना दिया। उन्होंने अपने अभिनय से यह साबित किया कि हर किरदार, चाहे वह हीरो हो या विलेन, कहानी का अहम हिस्सा होता है।
उनके बाद के दौर में शत्रुघ्न सिन्हा, डैनी डेन्जोंगपा और गुलशन ग्रोवर जैसे कलाकार आए, जिन्होंने खलनायकी को नए आयाम दिए, लेकिन बॉलीवुड विलेन रंजीत का योगदान हमेशा अलग रहा।
आज कहां हैं रंजीत?
अब बॉलीवुड विलेन रंजीत फिल्मों में कम दिखते हैं, लेकिन वे टीवी और सोशल इवेंट्स में सक्रिय रहते हैं। उन्हें कई अवॉर्ड्स और सम्मान मिल चुके हैं। सोशल मीडिया पर उनकी पुरानी फिल्मों के सीन अब भी ट्रेंड करते रहते हैं।
रंजीत का कहना है कि अब वे बस शांत जीवन जीना चाहते हैं और अपने परिवार के साथ समय बिताना चाहते हैं।
बॉलीवुड विलेन रंजीत की विरासत
भले ही बॉलीवुड विलेन रंजीत के किरदार विवादित रहे हों, लेकिन उनके योगदान को नकारा नहीं जा सकता। उन्होंने उस दौर में फिल्मों को मसालेदार और भावनात्मक दोनों बनाया। उनके सीन ने दर्शकों को झकझोरा और कहानी को नई दिशा दी।
रंजीत ने सिखाया कि विलेन होना बुरा नहीं, बल्कि कहानी को गहराई देना है। आज की फिल्मों में खलनायक के किरदार बदले हैं, लेकिन बॉलीवुड विलेन रंजीत की छवि अब भी यादों में जीवित है।
बॉलीवुड विलेन रंजीत की कहानी सिर्फ एक अभिनेता की नहीं, बल्कि उस दौर की भी है जब सिनेमा समाज का आईना हुआ करता था। उन्होंने अपने अभिनय से साबित किया कि कला कभी सीमाओं में नहीं बंधती।
उनका जीवन सिखाता है कि हर पहचान के पीछे संघर्ष और त्याग की एक लंबी कहानी होती है।